जब्त कार को छुड़ाने के लिए मिलेगा इतना वक्त, नहीं तो हो जाएगी स्क्रैप!
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टेक्नोलॉजी
RP Raghuvanshi
18 Nov 2025 11:03 AM
टेक्नोलॉजी
RP Raghuvanshi
18 Nov 2025 11:03 AM
Delhi Transport Department: अगर आपके वाहन को ट्रांसपोर्ट विभाग की ओर से जब्त कर लिया जाता है और आप उस वाहन को वापस पाना चाहते हैं, तो इसके लिए आपको जरूरी बातों का ध्यान रखना है। क्योंकि दिल्ली सरकार के ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट ने जब्त की गई गाड़ियों के लिए नई गाइडलाइन जारी की है। इस नई गाइडलाइन्स के मुताबिक, जब्त किए गए वाहनों के दस्तावेज को तीन हफ्तों के अंदर जमा कराना पड़ेगा। दस्तावेज जमा करने के एक हफ्ते के अंदर एनफोर्सेमेंट एजेंसी अपना फैसला सुनाएगी।
तीन हफ्तों में जमा करें दस्तावेज
आपको बता दें कि दिल्ली सरकार के ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट ने जब्त किए गए वाहनों को वापस पाने के लिए एक टाइमलाइन दी है। इस टाइमलाइन के अंदर ही वाहन के मालिक को प्रोसेस को पूरा करना होगा। वाहन के मालिक को वाहन के जब्त होने के तीन हफ्ते के अंजर सभी जरूरी डॉक्यूमेंट्स जमा करने होंगे, जिसके एक हफ्ते में विभाग उस अर्जी पर अपना फैसला देगा।
अगर वाहन मालिक अपने जब्त वाहन को छुड़ाने के लिए 3 हफ्ते के अंदर दस्तावेज जमा नहीं कराते हैं तो उसे स्क्रैप होने के लिए भेज दिया जाएगा। यह प्रावधान उन जब्त वाहनों के लिए है, जिनकी उम्र पूरी हो चुकी है। इसके लिए नए वाहन वालों को घबराने की जरूरत नहीं है। दरअसल दिल्ली में 10 साल पूरे कर चुके डीजल वाहनों और 15 साल पूरे कर चुके पेट्रोल वाहनों की उम्र पूरी मानी जाती है। ऐसे में अगर आपका वाहन भी इसी उम्र का है, तो वो स्क्रैप हो सकता है।
Delhi Transport Department
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर होगी कार्रवाई
इस प्रोसेस के लिए दिल्ली सरकार की ओर से ऑनलाइन प्लेटफॉर्म बनाया गया है। इससे वाहन के मालिक, एनफोर्सेमेंट एजेंसी और जब्त किए गए वाहन से जुड़ी सभी डिटेल्स इस प्लेटफॉर्म पर देखी जा सकेंगी। इस ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की मदद से पूरे प्रोसेस को ट्रैक करना बहुत ही आसान है।
भुगतान राशि
बता दें कि दिल्ली सरकार की गाइडलाइन्स के मुताबिक, चार पहिया वाहनों की जब्ती पर वाहन के मालिक को 10 हजार रुपये भुगतान राशि के तौर देने पड़ेगें। वहीं दो पहिया वाहनों के लिए ये राशि पांच हजार रुपये दी जाएगी।
सरकार ने साल 2023 में उन वाहनों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए, जिन वाहनों की समय सीमा समाप्त हो गई है। दिल्ली सरकार ने बताया कि पेट्रोल से चलने वाले वाहन 15 साल और डीजल से चलने वाले वाहन 10 साल तक चलाए जा सकते हैं। इसके बाद इन वाहनों के प्रयोग को बंद कर देना चाहिए। Delhi Transport Department